*शिवा बाबा मंदिर विवाद रूपसिंह पंवार पर कार्रवाई के खिलाफ लामबंद हुआ मध्य प्रदेश-महाराष्ट्र का बंजारा समाज कलेक्टर को दिया ज्ञापन*
बुरहानपुर :- गंभीरपुरा स्थित प्रसिद्ध शिवा बाबा मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष रूपसिंह पंवार पर बीते 22 सितंबर को हुई प्रशासनिक एवं पुलिस कार्रवाई के विरोध में बंजारा समाज में गहरा आक्रोश पनप रहा है। इस कार्रवाई को एकतरफा और राजनीतिक द्वेष से प्रेरित बताते हुए मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के बंजारा समाज के प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर बुरहानपुर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। समाज ने इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई है।
*राजनीतिक दबाव और झूठी कार्रवाई का आरोप*
कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में बंजारा समाज के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट कहा कि 22 सितंबर को रूपसिंह पंवार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 170, 126(बी) और 135(3) के तहत जो मामला दर्ज किया गया है, वह पूरी तरह से अनुचित है। समाज के प्रमुखों का आरोप है कि कुछ स्थानीय और प्रभावशाली लोग रूपसिंह पंवार पर मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष पद से हटने का दबाव बना रहे थे। जब उन्होंने दबाव मानने से इनकार कर दिया तो राजनीतिक रसूख का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ यह कार्रवाई करवाई गई। इस घटना से मध्य प्रदेश के साथ-साथ पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र के बंजारा समाज में भी भारी असंतोष है।
*सीसीटीवी फुटेज और पुलिस आरक्षक की भूमिका की जांच की मांग*
मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए बंजारा समाज ने प्रशासन से निष्पक्ष साक्ष्य जुटाने की मांग की है। ज्ञापन में विशेष रूप से आग्रह किया गया है कि 22 सितंबर की घटना के मुख्य स्थल और संबंधित पुलिस थाने के मुख्य द्वार पर लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को तुरंत सुरक्षित कराया जाए। इसके साथ ही, समाज ने शिकायतकर्ता और कार्रवाई में शामिल आरक्षक की भूमिका की भी जांच करने की मांग की है, ताकि यह साफ हो सके कि कार्रवाई नियम अनुसार हुई थी या किसी दबाव में।
*मंदिर परिसर में शराब और पशु बलि पर पूर्ण प्रतिबंध की मांग*
ज्ञापन में केवल कानूनी कार्रवाई का विरोध ही नहीं दर्ज कराया गया, बल्कि पवित्र शिवा बाबा मंदिर परिसर की गरिमा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भी गंभीर मुद्दे उठाए गए। समाज के प्रतिनिधियों ने प्रशासन से मांग की कि मंदिर परिसर और उसके आसपास शराब पीने तथा शराब बेचने पर पूरी तरह से रोक लगाई जाए। मंदिर क्षेत्र में होने वाली पशु बलि की प्रथा पर भी प्रशासन सख्ती से प्रतिबंध लगाए मंदिर ट्रस्ट के किसी भी सदस्य पर भविष्य में बिना प्राथमिक जांच के सीधी कार्रवाई न की जाए।
*प्रशासन का आश्वासन*
कलेक्टर कार्यालय में बंजारा समाज का ज्ञापन प्राप्त करने के बाद डिप्टी कलेक्टर भागीरथ वाखला ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया। उन्होंने कहा कि समाज की ओर से शिकायत पत्र और मांग पत्र प्राप्त हो गया है। ज्ञापन में उठाए गए सभी बिंदुओं और निष्पक्ष जांच की मांग को गंभीरता से लिया जाएगा तथा मामले की नियमानुसार निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।




