*बुरहानपुर में शिक्षकों की 3 सूत्रीय मांगों को लेकर संयुक्त मोर्चा का उग्र प्रदर्शन, मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन*

बुरहानपुर :- बुरहानपुर जिले में अपनी लंबित और महत्वपूर्ण मांगों को लेकर शिक्षकों का आक्रोश सड़क पर साफ दिखाई दिया। मध्य प्रदेश अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा के बैनर तले और जिला अध्यक्ष ठाकुर संतोष सिंह दीक्षित के नेतृत्व में शिक्षकों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला हैं
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रदेश भर में 27 सितंबर 2026 से भोपाल में संभागवार धरने और आंदोलन का सिलसिला जारी है। इसी कड़ी में बुरहानपुर जिला मुख्यालय पर भी शिक्षकों ने अपनी आवाज बुलंद की। स्थानीय गांधी चौक पर शिक्षकों ने पहले दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक उपवास रखकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताया। इसके पश्चात, ठीक दोपहर 3 बजे गांधी जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया गया और अपनी तीन सूत्रीय मांगों के समर्थन में एक कड़ा ज्ञापन सौंपा गया।
संयुक्त मोर्चा के प्रतिनिधियों ने बताया कि सरकार द्वारा अभी तक शिक्षकों की समस्याओं पर कोई ठोस पहल नहीं की गई है, जिससे शिक्षकों में रोष व्याप्त है। उनकी प्रमुख मांगे हैं की सरकार केंद्र के समक्ष प्रभावी पहल कर सेवारत शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा से स्थायी छूट दिलाए नवीन शैक्षणिक संवर्ग के शिक्षकों की सेवाओं की गणना उनकी प्रथम नियुक्ति दिनांक से की जाए। साथ ही उन्हें पुरानी पेंशन, ग्रेच्युटी और अर्जित अवकाश नगदीकरण जैसे सभी वित्तीय लाभ प्रदान किए जाएं तकनीकी समस्याओं को आधार बनाते हुए स्कूलों में थोपी गई अव्यवहारिक ई-अटेंडेंस की व्यवस्था को तुरंत अनिवार्य न किया जाए।
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने चेताया कि यदि शासन स्तर पर इन न्यायसंगत मांगों पर जल्द ही कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो संयुक्त मोर्चा आगामी समय में अपने आंदोलन को और अधिक व्यापक और उग्र रूप देने के लिए बाध्य होगा। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में जिले के शिक्षक और कर्मचारी उपस्थित रहे।




