*शासकीय उर्दू प्राथमिक शाला लोहार मंडी में जमा हुआ नाली का बदबूदार पानी संक्रामक बीमारियों का खतरा, छत पर अवैध कब्जे से हादसे का डर*
बुरहानपुर :- शहर के लोहार मंडी स्थित शासकीय उर्दू प्राथमिक शाला में इन दिनों नौनिहालों का भविष्य और स्वास्थ्य दोनों ही गंभीर खतरे में हैं। स्कूल परिसर में चारों तरफ पसरी गंदगी और प्रशासनिक अनदेखी के कारण छात्र, शिक्षक और अभिभावक बदहाल स्थिति में पढ़ाई करने को मजबूर हैं।
स्कूल के प्राथमिक प्राचार्य जफर अली ने व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए बताया कि विद्यालय की दीवार से सटी आम नाली को वार्डवासियों द्वारा फर्शीकरण कर स्लैब से पूरी तरह ढंक दिया गया है। इतना ही नहीं, ढंकी हुई नाली पर दिनभर वाहन खड़े किए जाते हैं। नाली पूरी तरह से बंद होने के कारण सफाईकर्मियों के लिए इसकी सफाई करना असंभव हो गया है। नतीजतन, नाली पूरी तरह चोक हो चुकी है और गंदा व बदबूदार पानी बहकर सीधे स्कूल के प्रांगण में जमा हो रहा है।

*प्याऊ तक पहुँचा गंदा पानी, बीमारियों का मंडराया साया*
स्थिति इतनी भयावह हो चुकी है कि गंदा पानी प्रिंसिपल ऑफिस के बाहर और बच्चों के पीने के पानी (प्याऊ) के स्टैंड तक पहुँच गया है। छात्रों और शिक्षकों को रोज इस दूषित पानी के बीच से गुजरकर कक्षाओं में जाना पड़ता है। दूषित वातावरण के कारण स्कूल में डेंगू, मलेरिया जैसी गंभीर संक्रामक बीमारियाँ फैलने का अंदेशा बना हुआ है।
*छत पर टेंट हाउस का भारी सामान बड़ा हादसा होने की आशंका*
समस्या यही खत्म नहीं होती। स्कूल भवन की छत पर कुछ स्थानीय लोगों द्वारा टेंट हाउस का भारी लोहे का सामान रखकर अवैध कब्जा कर लिया गया है। छत पर अत्यधिक वजन होने से जर्जर भवन के ढहने और बड़ी दुर्घटना होने की आशंका जताई जा रही है। सामान मालिक को कई बार चेतावनी देने के बाद भी दबंगई के बल पर सामान नहीं हटाया जा रहा है।

प्राचार्य का कहना है कि नगर निगम को कई बार लिखित आवेदन दिए जा चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। यदि जल्द ही नाली की सफाई, परिसर का सुधारीकरण और छत से अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो कभी भी कोई अनहोनी हो सकती है।




