*बुरहानपुर में हेला टक्कर मेलेऔर पशुओं की लड़ाई पर पूर्ण प्रतिबंध जिला मजिस्ट्रेट ने जारी किया धारा 163 का आदेश*

बुरहानपुर :- बुरहानपुर जिला प्रशासन ने जिले के ग्रामीण अंचलों में आयोजित होने वाले ‘हेला टक्कर मेलों’ और पशुओं को आपस में लड़ाए जाने की घटनाओं पर सख्त रुख अपनाया है। आम जनजीवन की सुरक्षा, लोक शांति बनाए रखने और कानून व्यवस्था बिगड़ने की संभावनाओं को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट विवेक कुमार ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा-163 के तहत एक महत्वपूर्ण प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है। यह आदेश पूरे बुरहानपुर जिले की सीमा में आगामी 5 जनवरी 2027 तक प्रभावी रहेगा।
*क्यों उठाया गया यह कदम?*
ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित होने वाले इन मेलों में भारी संख्या में भीड़ जुटती है। इस दौरान हेलों (सांडों) के उग्र होकर इधर-उधर भागने से जन-जीवन के संकट में पड़ने और गंभीर हादसे होने का खतरा बना रहता है। समाचार पत्रों और विभिन्न माध्यमों से प्रशासन के संज्ञान में यह बात आई थी कि इस तरह के आयोजनों से आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है और लोक शांति भंग होने की आशंका बनी रहती है।
*पशुओं के प्रति क्रूरता का निवारण अधिनियम 1960 के तहत जारी इस नए आदेश के अनुसार कोई भी व्यक्ति किसी भी पशु को अन्य पशु के साथ लड़ने के लिए या उसे सताने के उद्देश्य से उकसाएगा नहीं
पशुओं की लड़ाई करवाने या उन्हें प्रताड़ित करने के लिए कोई भी व्यक्ति न तो किसी स्थान का उपयोग करेगा और न ही किसी अन्य को ऐसा करने की अनुमति देगा।
*उल्लंघन करने पर होगी कानूनी कार्रवाई*
प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया है कि इस आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। आदेश एकपक्षीय रूप से जारी किया गया है, हालांकि इससे व्यथित कोई भी व्यक्ति भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 (5) के तहत निर्धारित प्रावधानों के अनुसार न्यायालय में आवेदन प्रस्तुत कर सकता है।



