*नेपानगर में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ संगोष्ठी आयोजित संवैधानिक मूल्यों और मर्यादाओं पर हुआ मंथन*

बुरहानपुर :- नेपानगर में सोमवार को लोकतंत्र की मजबूती, संविधान की गरिमा और संवैधानिक संस्थाओं के सम्मान को समर्पित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ विषय पर प्रबुद्ध नागरिक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में भाजपा संगठन के संयुक्त मोर्चा प्रभारी एवं मुख्य वक्ता मनोरंजन मिश्रा, खंडवा सांसद ज्ञानेश्वर पाटील, नेपानगर विधायक मंजू दादू और जिला अध्यक्ष डॉ. मनोज माने सहित कई गणमान्य नेता और प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे।
मुख्य वक्ता मनोरंजन मिश्रा ने निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य सूची को शुद्ध और पारदर्शी बनाना है। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल खड़े करने और भ्रम फैलाने के बजाय लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में विश्वास बनाए रखना चाहिए। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैल रही अराजकता का हवाला देते हुए देश को सजग रहने की आवश्यकता पर बल दिया।
सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने वर्ष 1975 के आपातकाल का स्मरण कराते हुए कहा कि उस समय नागरिकों के मौलिक अधिकारों और प्रेस की स्वतंत्रता पर प्रतिबंध लगाए गए थे। उन्होंने कहा कि जिस कांग्रेस शासन ने लोकतंत्र को बाधित किया, आज वही दल लोकतंत्र की रक्षा की बात कर रहा है। विधायक मंजू दादू ने भी विपक्ष की नकारात्मक राजनीति की आलोचना करते हुए कहा कि जनादेश को स्वीकार करने के बजाय हर संवैधानिक प्रक्रिया पर सवाल उठाना उचित नहीं है।
जिला अध्यक्ष डॉ. मनोज माने और कार्यक्रम प्रभारी मनोज टंडन ने समाज के प्रबुद्ध वर्ग की सक्रिय भूमिका को रेखांकित किया। संगोष्ठी का संचालन संजय विजयवर्गी ने किया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक एवं पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।



