प्रकृति से प्रेम और स्वच्छता को बनाएं जनआंदोलन-अर्चना चिटनिस

बुरहानपुर। विश्व पर्यावरण दिवस से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस तक आयोजित जन-जागरूकता अभियानों की श्रृंखला में नगर निगम के एमआईसी हॉल में रविवार को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 विषय पर प्रबुद्धजन कार्यशाला आयोजित की गई।
कार्यशाला में विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस (दीदी) ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और जनभागीदारी ही स्वस्थ समाज तथा विकसित राष्ट्र की आधारशिला हैं। उन्होंने नागरिकों से प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने तथा स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।श्रीमती चिटनिस ने कहा कि बुरहानपुर प्राकृतिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक दृष्टि से समृद्ध जिला है। यहां की नदियां, वन संपदा और जैव विविधता हमारी अमूल्य धरोहर हैं, जिनका संरक्षण करना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधों, नदियों और जीव-जंतुओं के बिना जीवन और सृष्टि का संतुलन संभव नहीं है। इसलिए पर्यावरण संरक्षण केवल एक अभियान नहीं बल्कि जीवन का संस्कार बनना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के श्रेष्ठ आयुर्वेदिक महाविद्यालयों में से एक महाविद्यालय बुरहानपुर में संचालित है तथा यहां पंचकर्म जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध हैं।
भारतीय संस्कृति में प्रकृति और स्वास्थ्य का गहरा संबंध रहा है तथा योग, आयुर्वेद और स्वच्छ पर्यावरण स्वस्थ जीवन के प्रमुख आधार हैं।नगर निगम द्वारा चलाए जा रहे स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन अभियानों की सराहना करते हुए श्रीमती चिटनिस ने कहा कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नागरिकों की सहभागिता आवश्यक है। प्रत्येक परिवार को घर से ही सूखे और गीले कचरे को अलग करने की आदत विकसित करनी चाहिए तथा सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग को पूर्णतः त्यागना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब तक समाज स्वयं जिम्मेदारी नहीं निभाएगा, तब तक स्वच्छता के लक्ष्य पूरी तरह हासिल नहीं हो सकेंगे।कार्यशाला में पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक खेती, प्लास्टिक मुक्त भारत, स्वच्छता, साइबर जागरूकता, जनकल्याणकारी योजनाओं तथा सतत विकास जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने कहा कि 5 जून विश्व पर्यावरण दिवस से 21 जून अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस तक जिले में विशेष अभियान के तहत विभिन्न गतिविधियां संचालित की गई। इस अभियानों के माध्यम से जनकल्याण एवं जनजागरूकता बढ़ाना शासन का उद्देश्य है। उन्होंने प्रत्येक नागरिक से कम से कम एक पौधा लगाने तथा उसके वृक्ष बनने तक संरक्षण एवं पोषण करने का आह्वान किया। प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि यह खेती कम लागत वाली, पर्यावरण अनुकूल एवं स्वास्थ्यवर्धक है। हमें अधिक से अधिक किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ना होगा ताकि हमारी मिट्टी, हमारा अन्नदाता और हमारा अन्न, स्वस्थ एवं समृद्ध बन सके।महापौर श्रीमती माधुरी पटेल ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता केवल एक दिवस तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। ‘‘प्रकृति नहीं तो हम नहीं‘‘ के संदेश को आत्मसात करते हुए सभी नागरिकों को स्वच्छता एवं प्लास्टिक प्रबंधन में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए तथा समाज को भी इसके लिए प्रेरित करना चाहिए।कलेक्टर हर्ष सिंह ने जिले में प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहन देने, किसानों को प्रमाण-पत्र उपलब्ध कराने एवं उत्पादों की ब्रांडिंग की योजना की जानकारी दी। वहीं पुलिस अधीक्षक श्री आशुतोष बागरी ने नागरिकों से साइबर अपराध की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील की।पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि साइबर अपराध की जानकारी जितनी शीघ्र पुलिस को दी जाएगी, कार्रवाई एवं राशि की रिकवरी की संभावना उतनी अधिक होगी। उन्होंने बताया कि नागरिक थानों में उपलब्ध क्यूआर कोड के माध्यम से भी अपनी शिकायत एवं सुझाव सीधे पुलिस तक पहुंचा सकते हैं।नगर निगम आयुक्त संदीप श्रीवास्तव ने बताया कि कचरा प्रबंधन को लेकर कड़े प्रावधान एवं कानून लाए गए है। कचरे को केवल फेंकना ही नहीं बल्कि उसका उचित प्रबंधन एवं पुनः उपयोग भी आवश्यक है।
उन्होंने बताया कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के अंतर्गत कचरे को सूखा, गीला, सेनेटरी एवं घरेलू अपशिष्ट सहित विभिन्न श्रेणियों में पृथक करने की व्यवस्था की गई है। नागरिक स्वच्छता पोर्टल के माध्यम से सुझाव, शिकायत एवं फीडबैक भी दर्ज करा सकते हैं।कार्यशाला में प्रबुद्धजनों द्वारा मिट्टी परीक्षण को बढ़ावा देने, वन भूमि पर पौधारोपण, वृक्षों के स्थानांतरण, खेतों की मेड़ों पर पौधारोपण तथा कॉलोनियों में स्वच्छता समितियों के गठन जैसे महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए गए।कार्यक्रम में सभी समाजों के धर्मगुरू, प.पू.साधु-संत, पूज्य पूजारीगण, समाजों के प्रमुखों सहित नगर निगमध्यक्ष श्रीमती अनिता यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ. मनोज माने, जिला पंचायत सीईओ एवं अपर कलेक्टर सृजन वर्मा, नगर निगमायुक्त संदीप श्रीवास्तव, शाहपुर नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि वीरेन्द्र तिवारी, जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि प्रदीप पाटिल, गोपाल चौधरी, पूर्व महापौर अतुल पटेल सहित जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं विभिन्न क्षेत्रों के प्रबुद्धजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।



