*कलेक्टर ने ग्रामीण शिविर में सुनी जनसमस्याएं, पीएमएफएमई योजना के तहत संदीप रावल की सफलता ने बढ़ाया मान*

बुरहानपुर :- हाल ही में आयोजित एक ग्रामीण विकास शिविर में प्रशासनिक अधिकारियों ने विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा की और ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। कलेक्टर ने शिविर में पहुंचकर कृषि रकबे, फसलों के उत्पादन, खाद के उपयोग और विभागीय गतिविधियों की जानकारी ली। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने ग्राम स्तर पर उपलब्ध जल परीक्षण किट के उपयोग और पेयजल की गुणवत्ता जांचने की प्रक्रिया से ग्रामीणों को अवगत कराया।
शिविर का मुख्य आकर्षण प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) के हितग्राही संदीप रावल की सफलता की कहानी रही। 12वीं तक शिक्षित संदीप ने वर्ष 2021-22 में इस योजना के तहत ऋण लेकर मसाला यूनिट स्थापित की थी। घर-घर जाकर मसालों की बिक्री से शुरुआत करने वाले संदीप की मेहनत रंग लाई और आज उनका यह व्यवसाय मध्य प्रदेश के अलावा छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र तक फैल चुका है। वे न केवल खुद आत्मनिर्भर बने हैं, बल्कि अन्य लोगों को भी रोजगार दे रहे हैं।

*समस्याओं पर त्वरित कार्रवाई और जल संरक्षण का संदेश*
संवाद के दौरान युवा दीपक ने इटारिया स्थित आंगनवाड़ी भवन और प्राथमिक विद्यालय की बदहाल स्थिति का मुद्दा उठाया। इस पर कलेक्टर ने जिला परियोजना समन्वयक (DPC) को शिक्षकों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने और मौके पर जाकर स्थिति की जांच करने के निर्देश दिए। वहीं, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों ने जल संरक्षण के महत्व पर जोर देते हुए इसके विवेकपूर्ण उपयोग के लिए प्रेरित किया।
शिविर के दौरान किसानों ने खेतों में फसल अवशेष (पराली) न जलाने का संकल्प लिया और कृषि विभाग के ‘खेत बचाव अभियान’ की जानकारी प्राप्त की। इसके अलावा, धरती आबा अभियान के तहत ग्रामीणों ने क्षेत्र की विकास संबंधी आवश्यकताएं रखीं। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों सहित वनमण्डलाधिकारी विद्याभूषण सिंह, सीईओ जिला पंचायत सृजन वर्मा और विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।



