बुरहानपुर

लोक अदालत में पारिवारिक मसलो से सम्बन्धित मामलो का निराकरण मध्यस्थता के माध्यम से करवाना एक सशक्त माध्यम – प्रधान न्यायाधीश तनवीर अहमद खान

बुरहानपुर। वर्ष 2026 की द्वितीय लोकअदालत का आयोजन 9 मई 2026 वार शनिवार को कुटुंब न्यायलय (फॅमिली कोर्ट) बुरहानपुर में होना है l कुटुंब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश तनवीर अहमद खान ने कहा की लोक अदालत में पारिवारिक मसलो से सम्बन्धित मामलो का निराकरण मध्यस्थता के माध्यम से करवाना एक सशक्त माध्यम है इससे ना किसी की जीत होती है ना किसी की हार होती है l आपसी समझौतों के आधार पर न्यायालय में लम्बित सभी प्रकार के मुकदमे जो भरण पोषण बाबत धारा 144 ( 125 द, प्र. स. )एवं 146 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता धारा 144 (3)भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता भरण पोषण राशी की वसूली बाबत ,धारा 09 हिन्दू विवाह अधिनियम ,मुस्लिम वैवाहिक संबंधो की पुनर्स्थापना तथा अन्य राजीनामा योग्य प्रकरणों का निराकरण आपसी समझौतों के आधार पर कराकर लाभ उठाये l लोकअदालत का फैसला अंतिम होता है जिसकी कोई अपील नही होती है l
कुटुंब न्यायालय बुरहानपुर के प्रधान न्यायाधीश तनवीर अहमद खान ने हाई कोर्ट जबलपुर द्वारा पदस्थ कुटुंब न्यायालय के परामर्शदाताओ सर्व श्री वरिष्ठ काउंसलर महेंद्र जैन,संदीप शर्मा , अलमास खान की एक बैठक ली बैठक में यह निर्देश प्रदान किये गये की पारिवारिक प्रकरणों से सम्बन्धित प्रकरण में आपसी समझौते व मध्यस्थता के आधार पर ज्यादा से ज्यादा प्रकरणों का निराकरण हो यही मुख्य उदेश्य लोक अदालत का है l आपने बताया की पक्षकारो को बार बार न्यायालय नही आना पड़ता है ,समय की बचत होती है ,आर्थिक परेशानियों से छुटकारा मिलता है और दोनों परिवार में सामंजस्य का वातावरण बनता है l अतः पक्षकारो से अपेक्षा है की उपस्थित होकर 14 मार्च 2026 को आयोजित नेशनल लोकअदालत में प्रकरणों का निराकरण करवाने में सहयोग प्रदान करे एवं इस सुअवसर का लाभ उठाकर अपने सम्बन्ध मधुर बनाये , परिवार , कुटुंब एवं समाज में खुशहाली लाये l

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button